About Us

मेरा नाम सीताराम माकड़ है मेरे पिताजी का नाम स्वर्गीय श्री मोहन लाल माकड़ था, मै अपने आप को शौभाग्यशाली मानता हु की परमपिता परमात्मा ने मुझे जन्म देने के लिए इस संसार में सैकड़ो देश होने के बावजूद भारत को चुना। भारत में भी जहां पर भगवान श्री कृष्ण ने पूरे संसार को गीता का ज्ञान दिया एसे प्रदेश हरियाणा को चुना और परम संत श्री सरसाई नाथ जी की व सरस्वती नदी के किनारे बसा सरस्वती नगर वर्तमान सिरसा जिला के गाँव रिसालिया खेड़ा जिसे परम धार्मिक और पराक्रमी राजा रसालु ने बसाया था। 

वेबसाईट का उद्देश्य

मैंने अपने गाँव को समर्पित यह वेबसाइट बनाई है जिसमें गाँव से संबन्धित सभी जानकारी व सूचनाएँ हर समय अपडेटेड उपलब्ध रहे। जिससे किसी को भी जानकारी पाने के लिए इधर उधर भागना न पड़े, बल्कि सभी जानकारी अपने मोबाइल से ही पा सके। जिसमें आप सभी के सहयोग की नितांत आवशयकता रहेगी। ताकि इस कार्य को सुचारु रूप से चलाया जाये।

मेरा जीवन परिचय

मै इसी खूबसूरत, एतिहासिक गाँव रिसालिया खेड़ा का रहने वाला हु। मेरा जन्म 20 मार्च 1979 को मेरे ननिहाल डूंगराना, तहसील भादरा, जिला हनुमानगढ़, राजस्थान में हुआ था।

मेरी प्राथमिक शिक्षा दीक्षा

मैंने अपनी पढ़ाई कक्षा 4 तक गाँव कालवास, तहसील तारानगर, जिला चुरू, राजस्थान के सरकारी स्कूल में की है। क्योकि मेरे पिताजी पेशे से आरएमपी डॉक्टर थे, उन्होने वहाँ जाकर अपनी प्रेक्टिस की थी। साल 1989 में मेरा दाखिला राजकीय प्राथमिक पाठशाला (छात्र) में कक्षा 5वीं में करवाया गया जिसके इंचार्ज मेरे आजतक के सबसे पसंदीदा अध्यापक श्री महेंद्र जी (वर्तमान में प्रधानाध्यापक है) थे। जिन्होने हमें इतनी छोटी उम्र में ही शिष्टाचार की मूल बातें सिखायी थी, जो आज भी हमारे जीवन में बहुत काम आती है। कक्षा 5वीं पास करने के बाद मेरा प्रवेश 6वीं कक्षा में राजकीय वरिष्ठ माधमिक विधालय में करवाया गया। जहां पर साल 1992  में मै 7वीं कक्षा में फेल हो गया था।

माध्यमिक शिक्षा

कक्षा 7 में अनुतीर्ण होने के कारण मुझे मेरे पिताजी ने श्री दलीप भाटी जी के पास टेलरिंग का काम सीखने के लिए लगा दिया था। लेकिन मेरा मन न लगने के कारण मै कुछ ही समय बाद घर से बिना बताए अपने ननिहाल डूंगराना चला गया था। वहाँ जाकर मामा जी से कह कर मैंने ननिहाल के पास नजदीकी तात्कालिक राजकीय माध्यमिक विधालय, रासलाना, तहसील भादरा, जिला हनुमानगढ़, राजस्थान में 8 वीं कक्षा में प्रवेश ले लिया था। जिसके बाद साल 1995-96 में मेरी मैट्रिक की परीक्षा अच्छे नंबरों से उतिर्ण हो गयी थी।

स्नातक व व्यवशायिक शिक्षा

मैट्रिक उतिर्ण होने के बाद मुझे राजकीय व्यवसायिक शिक्षण सस्थान, ओढा, जिला सिरसा में MREDA (इलेक्टिशियन) ट्रेड में व्यवसायिक कोर्स करवाने के लिए प्रवेश दिलवाया गया। जहां से साल 1997-98 में मैंने 12 वीं की परीक्षा पास कर ली। अब मेरा प्रवेश राजकीय स्नातकोत्तर महाविधालय, सिरसा में करवाया गया जहां पर मैंने आर्ट्स संकाय से साल 2000-01 में स्नातक की परीक्षा पास कर स्नातक हो गया था। स्नातक होने के बाद मैंने 1 साल का ZCA अकेडमी सिरसा में एडवांस डिप्लोमा इन ई-कॉमर्स पूर्ण किया और साथ ही साथ साल 2004 में महर्षि दयानन्द विश्वविधालय से पत्राचार से MSc कम्प्युटर विज्ञान में पोस्ट ग्रेजुएट डिग्री हासिल की।

राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ से जुड़ाव

राष्ट्रीय स्वय सेवक संघ से जुड़ाव 15 सितंबर 1995 से है, गाँव के हनुमान मंदिर पर श्री घनश्याम जी शाखा लगाया करते थे, और उसमें मेरे दोस्त विनोद झटवाल भी जाया करते थे। जहां पर उन्होने मुझे कबड्डी खेलने के बारे में बताया और मुझे भी आने के लिए कहा, व मुझे लेकर गए। उस समय 17 सितंबर 1995 का करनाल में बड़ा कार्यक्रम था जिसकी तैयारियां चल रही थी। तब से लेकर आजतक संघ से जुड़ाव रहा है। जिसके चलते साल 2000 व 2001 में मैंने सिरसा आरएसएस के कार्यालय में ही रहकर पढ़ाई की व साथ साथ बचे पूरे समय संघकार्य भी किया।

वैवाहिक जीवन और बच्चे

28 मार्च 2001 को मेरी शादी रावतसर में कान्ता देवी के साथ बड़ी धूमधाम से हुयी। 4 जुलाई 2002 को मेरे घर पर मेरी बेटी कनुप्रिय का जन्म हुआ जो अभी 11वीं कक्षा में पढ़ रही है। 4 फरवरी 2004 को बेटे सुमित का जन्म हुआ जो वर्तमान में 9वीं कक्षा में पढ़ रहा है।

नौकरी व व्यवसाय

साल 2003 से 2011 तक विभिन्न कंपनियों में कार्य किया जैसे एक साल के लिए DRDA कम्प्युटर ट्रेनिंग सेंटर BPL के लिए मंडी डबवाली में कांट्रैक्ट पर चलाया। बाद में गाँव के स्कूल में कम्प्युटर टीचर के तौर पर भी कार्य किया। DHBVNL में भी खारिया 33 केवी बिजलीघर में बतौर शिफ्ट अटेंडेंट रहा। फिर IDBI बैंक में सेल्स एक्सिकुटिव, रिलायंस लाइफ इन्शुरेंस, एसबीआई, डीएलएफ़, डीएचएफ़एल में सेल्ज़ मैनेजर, सीनियर सेल्स मैनेजर के तौर पर कार्य किया।

आगे पढ़ने के लिए अपडेट कुछ ही समय में उपलब्ध होगा ...............

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